I am simple person, having good confidence to myself, helping nature , happiness mood,solve all problems by smiling and using simple commonsense..maintain positive environment around myself... "Always dreaming is make path of success in life . Dreaming give shape to our thinking , and thinking solve many of problems of our way of success." bhartiamanu@gmail.com
Thursday, February 10, 2011
तेरे हुस्न की चादर ओढ़े है ये रात चांदनी,
तेरे काजल की गहराई में डूबी है ये रात रागिनी !
ठंडी हवा का झोंका तेरी साँसों की महक है लाया,
मैंने खुदा से आज रात फिर जीने की वजह मांग ली !
आज रात तो गुज़र जाए पर कल सवेरा हो जाएगा ,
वो अपने साथ तुझसे मिलने की नयी आस लायेगा !
तुझे देखना ही सिर्फ इन आँखों की हसरत है शायद ,
कल फिर बिना कुछ कहे ये दिल घर लौट आयेगा !
रास्ते नज़र नहीं आते तेरे तक जाने को बिछी रहती है.
हर पल ये आँखें तेरी एक आहट के आने को !
तेरी गैर मौजूदगी का गम तो एक बहाना है .
मेरी किस्मत ही राज़ी नहीं शायद मुझे आजमाने को !
तेरे काजल की गहराई में डूबी है ये रात रागिनी !
ठंडी हवा का झोंका तेरी साँसों की महक है लाया,
मैंने खुदा से आज रात फिर जीने की वजह मांग ली !
आज रात तो गुज़र जाए पर कल सवेरा हो जाएगा ,
वो अपने साथ तुझसे मिलने की नयी आस लायेगा !
तुझे देखना ही सिर्फ इन आँखों की हसरत है शायद ,
कल फिर बिना कुछ कहे ये दिल घर लौट आयेगा !
रास्ते नज़र नहीं आते तेरे तक जाने को बिछी रहती है.
हर पल ये आँखें तेरी एक आहट के आने को !
तेरी गैर मौजूदगी का गम तो एक बहाना है .
मेरी किस्मत ही राज़ी नहीं शायद मुझे आजमाने को !
" पर डरतें हैं ...! "
इश्क हम भी कर लें
पर डरतें हैं रुसवाइयों से !
जी लें हम भी ख्वाबों में ,
पर डरतें हैं तनहाइयों से !
बना लें हम भी किसी को हमसफ़र ,
पर डरतें है कहीं छूट न जाये हमसफ़र का साथ कभी !
लगा लें हम भी किसी को सीने से ,
पर डरतें हैं कहीं छूट न जाये वो हाथ कभी !
कर लें हम भी अपना हर लम्हा किसी के नाम ,
पर डरतें है कभी बिछुड़ न जाये वो यार कभी !
पल भर की खुशियों के बाद
हो न जाये फिर से सूना यह संसार कहीं !
छुपते हैं हर बार तनहाइयों में ,
पर डरतें हैं हमे भी हो न जाये प्यार कभी !!
" यादों में बुला लूँ तुमको "
" मेरी आँखों से कभी उतरो मेरे दिल में,
मैं धड़कन में बसा लूँ तुमको..!
जान से बढ़ कर चाहूं तुम्हे,
अपनी ज़िन्दगी ही बना लू तुमको..!
मेरे ख्वाब में सिर्फ तुम ही बसों,
अपनी नींदों में सजा लूँ तुमको..!
लोगों की भीड़ में खो न जाओ कहीं,
ज़माने से चुरा लूँ मैं तुमको..!
मेरी तन्हाई को ज़रुरत है तुम्हारी,
गर इज़ाज़त दो तो यादों में बुला लूँ तुमको !!"
मैं धड़कन में बसा लूँ तुमको..!
जान से बढ़ कर चाहूं तुम्हे,
अपनी ज़िन्दगी ही बना लू तुमको..!
मेरे ख्वाब में सिर्फ तुम ही बसों,
अपनी नींदों में सजा लूँ तुमको..!
लोगों की भीड़ में खो न जाओ कहीं,
ज़माने से चुरा लूँ मैं तुमको..!
मेरी तन्हाई को ज़रुरत है तुम्हारी,
गर इज़ाज़त दो तो यादों में बुला लूँ तुमको !!"
Tuesday, February 8, 2011
" उदास मन "
जब मन उदास हो जाता है तो लगता है जैसे प्रकृति भी उदास हो गई हो ..! सच है प्यार में इतनी ताकत होती है कि वो चाहे तो पतझड़ में फूल खिला दे ..चाहे तो हरियाली को बदल दे पतझड़ में ..! है न ..! और सच्चा प्यार होता ही है उदासी में खिला हुआ फूल ..! जिसकी महक दिल की उदासी को भी यादों से महका देती है ..! मन उन यादों के सहारे समय के इस लम्बे सफ़र पर चलता चला जाता है अनवरत ..निरंतर ...अकेला ही ..! यादें भी तो अजीब होतीं है अकेला रहने भी तो नहीं देतीं ..! चलतीं हैं साया बन कर ...! हम सोचतें हैं यादों का साया तो साथ देगा पर ...जब मन में ही जुदाई का अँधेरा है तो कहाँ देता है साया भी साथ ..!
" किसी का होने के बाद क्यों मिलती है तड़प ,
कोई बताये ये बैचेनी कहाँ से आती है !
कहाँ से आते हैं इतने सारे दुःख और गम ,
और क्यों हर किसी में उसकी सूरत नज़र आती है !
हसरत नहीं , अरमान नहीं , आस नहीं ,
यादों के सिवा अब मेरे पास कुछ नहीं !
जीवन की राहों में कौन किसी का होता है ,
साया भी साथ नहीं देता जब दिल में अँधेरा होता है !!"
" किसी का होने के बाद क्यों मिलती है तड़प ,
कोई बताये ये बैचेनी कहाँ से आती है !
कहाँ से आते हैं इतने सारे दुःख और गम ,
और क्यों हर किसी में उसकी सूरत नज़र आती है !
हसरत नहीं , अरमान नहीं , आस नहीं ,
यादों के सिवा अब मेरे पास कुछ नहीं !
जीवन की राहों में कौन किसी का होता है ,
साया भी साथ नहीं देता जब दिल में अँधेरा होता है !!"
Monday, February 7, 2011
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