Thursday, December 9, 2010

" चंचल मानव मन "

" जीवन में हम पता नहीं कितने लोगों  से मिलतें हैं पर हमे सब याद नहीं रहा पाते , हाँ कुछ लोग अपनी विशिष्ट पहचान के कारण याद रह जातें है ! हमारा मन करता है न कि ऐसे लोग हमारे जीवन  में हमेशा बने रहें ! साथ ही हम कोशिश भी करतें हैं न कि हम सदा ऐसे लोगो से मिलते रहें ! इसी के लिए हम अच्छे काम भी करतें हैं ! मीठी - प्यारी बातें भी करतें हैं ! इसी लिए न कि हमारे आस -पास अच्छे लोगो का वातावरण बना रहे ! चलो यह तो हुई अपने आस - पास अच्छे -अच्छे लोगों के बनाये रखने की बात ..!
पर हमारे जीवन में कुछ पल ऐसे भी आतें है जब कोई हमें इतना प्रभावित कर देता है कि वह हमारे लिए सबसे अलग हो जाता है ! लगता है जैसे वह हमारा सच्चा साथी है ! हम हमेशा चाहतें है न कि हमारे जीवन में एक ऐसा साथी जरूर हो , जिस पर हम विश्वास करें और वह हम पर विश्वास करे ! मानव मन भावुक होता है न , कोई पसंद आ गया तो उसके लिए मन में भावनाएं उमड़ती हैं , प्यार आता है , मन करता है वह सदा साथ रहे ! कभी भी दूर न हो !! और यदि कोई पसंद न आये तो मन करता है कि हम फिर कभी उसे न देखें , बात भी न करें ! यही तो मानव मन की विशेषता है न ...!
इसलिए सच है न कि --
" जो आपकी जिंदगी बदल दे , आपमें बदलाव लाये और आपकी सहायता करे ,
वही आपका सच्चा साथी है !"
"- ... मनु "

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